महीनों से जाम नाली, जगह-जगह कचरा और पनप रहे मच्छर; जिम्मेदारों की अनदेखी से लोगों में रोष, बोले-नर्क जैसी जिंदगी जीने को मजबूर
शिवगंज. शहर के प्राइवेट बस स्टैंड परिसर में भामाशाह द्वारा निर्मित विश्रामगृह इन दिनों बदहाली का शिकार है. दूर-दराज के गांवों से आने वाले यात्रियों को अपने गांव जाने वाले साधनों के इंतजार में जहां बैठकर राहत मिलनी चाहिए, वहां गंदगी और बदबू के बीच खड़े होकर समय गुजारना पड़ रहा है. परिसर में जगह-जगह कचरा पसरा है और सफाई व्यवस्था पूरी तरह चरमराई हुई नजर आ रही है.
प्राइवेट और सरकारी बस स्टैंड के बीच बने मूत्रालय की स्थिति भी बदहाल है. यहां महिला और पुरुषों के लिए अलग-अलग व्यवस्था होने के बावजूद लंबे समय से सफाई नहीं होने से गंदगी का आलम है. वहीं नगरपालिका की ओर से टैक्सी स्टैंड कार्यालय के पास शौचालय का निर्माण करवाया जा रहा है, लेकिन महीनों से चल रहा यह काम धीमी गति से होने के कारण लोगों की परेशानी कम होने के बजाय बढ़ती जा रही है.
खाने की लारियों के पास बदबू और मच्छरों का डेरा
बस स्टैंड परिसर में प्रतिदिन हजारों लोगों का आवागमन होता है. एक ओर खाने-पीने की लारियां लगी रहती हैं, वहीं दूसरी ओर गंदगी निकासी की व्यवस्था ठप होने से बदबू का आलम है. जाम पड़ी नालियों के कारण गंदा पानी और कचरा जमा होने से बीमारी फैलाने वाले मच्छरों के पनपने की आशंका भी बनी हुई है. यात्रियों और दुकानदारों का कहना है कि बदबू के कारण यहां खड़ा रहना भी मुश्किल हो गया है.
20 मीटर दूर पहले से शौचालय, फिर नए निर्माण पर सवाल
स्थानीय लोगों ने नगरपालिका की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए कहा कि जिस स्थान पर नया शौचालय बनाया जा रहा है, उससे महज करीब 20 मीटर की दूरी पर ही नगरपालिका का पुराना शौचालय संचालित है. लोगों का आरोप है कि पुराने शौचालय की ही समुचित साफ-सफाई और देखरेख नहीं हो पा रही है, ऐसे में नया शौचालय बनाने का औचित्य क्या है. लोगों ने कहा कि नया निर्माण पूरा होने के बाद भी यदि सफाई और रखरखाव की व्यवस्था नहीं हुई तो यह भी अनुपयोगी साबित हो सकता है. निर्माणाधीन शौचालय और मूत्रालय पिंक मतलब महिलाओं के लिए तैयार करवाया जा रहा.
सुबह रोजी-रोटी के लिए आते हैं, रात को बदबू के बीच लौटते हैं
मौके पर पहुंचे संवाददाता से लोगों ने अपनी पीड़ा साझा करते हुए कहा कि वे रोजी-रोटी के लिए सुबह घर से निकलते हैं और रात को वापस लौटते हैं, लेकिन बस स्टैंड की बदहाल स्थिति के कारण दिनभर परेशानी झेलनी पड़ती है. लोगों का कहना था कि न अधिकारी ध्यान देने को तैयार हैं और न ही स्थानीय जनप्रतिनिधि. बदबू और गंदगी के बीच नर्क जैसी जिंदगी जीने को मजबूर हैं. स्थानीय लोगों ने नगरपालिका प्रशासन से बस स्टैंड परिसर की तत्काल सफाई करवाने, जाम नालियों की निकासी व्यवस्था दुरुस्त करने, मूत्रालय की नियमित सफाई कराने और निर्माणाधीन शौचालय का कार्य शीघ्र पूरा करवाने की मांग की है. लोगों का कहना है कि यात्रियों की सुविधा से जुड़े इस महत्वपूर्ण स्थल की अनदेखी अब किसी बड़ी बीमारी या अव्यवस्था का कारण बनने से पहले दूर की जानी चाहिए.

